''सद्भावना दर्पण'

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मेरा चंदा रहे सलामत....

>> Wednesday, October 7, 2009


करवा चौथ
पर

विशेष
गीत...
आज करवा चौथ है। भारतीय स्त्री की पूजा-साधना का पर्व। आजकल जब उत्तर आधुनिकता के फेर मे कुछ औरतें मूल्यों-परम्पराओं से दूर होती जा रही है, तब भी बहुत-सी औरते अभी भी बची है, जो करवा चौथ रखती है। पति के सलामती, खुशहाली के लिए निर्जला उपवास रखती है। ऐसी औरतें बची रहे, जैसे बची रहती है खुशबू बगीचे की। मूल्यों की। पश्चिम के दर्शन से प्रभावित होकर कुछ आधुनिक किस्म की हिन्दुस्तानी औरते पतन को ही आधुनिकता मान कर चल रही है। वे चाहती है कि भारतीय औरते आधुनिक बने और महान परम्पराओ को तथाकथित मान कर उनसे मुक्त हों। ऐसी सोच ने ही पतन का रास्ता दिखाया है। फ़िर भी करवा चौथ अब भी मनता है। औरते निर्जला उपवास रखती हैं। पति की सलामती के लिए ईश्वर से प्रार्थना करती है। बनी रहें ऐसी महान औरतें। अमर रहे गौरवशाली परमपराएं। प्रस्तुत है एक गीत-
मेरा चंदा रहे सलामत....

मेरा चंदा रहे सलामत,
यही अर्ज़ भगवान से।
नीलगगन के प्यारे चंदा,
सुन बतियाँ यह ध्यान से।।...

वे मेरी सपनो की आशा,
उनके बिना अधूरी हूँ।
पास रहे वे तो लगता है,
तन-मन से मै पूरी हूँ।
बिन मेरे वे भी है आधे ,
कह दो सकल जहान से।। ...

जीवन की सुंदर नौका के,
हम दो खेवनहार।
साथ चलेंगे तो कर लेंगे,
भवसागर को पार।
दुःख-सुख हम झेला करते है,
बस अनुभव से, ज्ञान से।।

रहे सुखी ये प्यारा चंदा,
तो मै भी सुख पाऊंगी।
बिना तुम्हारे मेरे प्रियतम,
गीत नही गा पाऊंगी।।
रिश्ते हो मजबूत, उठें जब-
मान और अपमान से।।

मेरा चंदा रहे सलामत,
यही अर्ज़ भगवान से
नीलगगन के प्यारे चंदा,
सुन बतियाँ यह ध्यान से।।...

गिरीश पंकज

7 टिप्पणियाँ:

योगेश स्वप्न October 7, 2009 at 7:41 AM  

girish ji , bahut khoob , anupam rachna. badhaai.

शरद कोकास October 7, 2009 at 11:20 AM  

गिरीश भाई गीत तो बहुत अच्छा है लेकिन यह जनवादी सोच नही है ।

अशोक कुमार पाण्डेय October 7, 2009 at 1:08 PM  

यह त्योहार पूरी तरह से पितृसत्तात्मक मूल्यों को स्थापित करने वाला त्योहार है। मै इसे स्त्रीविरोधी मानता हूं।
पति पत्नी का रिश्ता पुजारन और पुजारी का नहीं बराबरी का होना चाहिये। पति क्यों नहीं सूरज से पत्नी की ख़ैर मांगने के लिये गाने लिखता है?

कालीपद प्रसाद October 21, 2013 at 5:51 PM  

बहुत सुन्दर ,करवा चौथ की शुभकामनाएं
नई पोस्ट मैं

vibha rani Shrivastava October 21, 2013 at 6:02 PM  

मंगलवार 22/10/2013 को आपकी पोस्ट का लिंक होगा http://nayi-purani-halchal.blogspot.in पर
आप भी एक नज़र देखें
धन्यवाद .... आभार ....

Dr.NISHA MAHARANA October 21, 2013 at 10:05 PM  

sundar geet ...

Ramesh Pandey October 22, 2013 at 8:01 AM  

यही अर्ज भगवान से, वाह बहुत सुन्दर, अच्छा लगा।

सुनिए गिरीश पंकज को

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